कविता संकलन
मेरी कविताओं का विस्तृत संकलन
सोमवार, 26 अगस्त 2019
वापिस कभी तुम मुड़ना नहीं।
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सफल होने से पहले जो पड़ती मार है असफल होना भी किस्मत की बात है। ये तो बस एक नई शुरुआत है सफलता से होनी अभी मुलाका...
सोमवार, 19 अगस्त 2019
हर शाम ये सूरज ढलता है..
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हर शाम ये सूरज ढलता है जाते हुए लम्हों से नजाने आखिर क्यों तू डरता है साथ तेरे पास तेरे कुछ नहीं रह जायेगा सूरज की तरह एक दिन...
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मंगलवार, 14 मई 2019
अच्छा लगता है...
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अच्छा लगता है वो तितलियों का उड़ना। अच्छा लगता है वो फूलों का महकना।। अच्छा लगता है वो चिड़ियों का चहकना। अच्...
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शुक्रवार, 14 सितंबर 2018
इस "हिन्दी दिवस" मूषक पर पधारे ।।
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इस "हिन्दी दिवस" मूषक पर पधारे अपनी "सोने की चिड़िया" को चलो फिर से सवारें जब चिड़िया शिकारी के ...
शुक्रवार, 17 अगस्त 2018
भारत की वो शान अटल है।।
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रात अटल है, दिन अटल है, ये सूरज - ये चांद अटल है।। पशु अटल है, पंछी अटल है, हरियाला ये जंगल अटल है।। पर्वत अ...
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